शक,अंधविश्वास और खून,जादू-टोने के शक में झाड़-फूंक करने आए बाबा की कुल्हाड़ी मारकर निर्मम हत्या, एक माह के अंदर अंधविश्वास के चलते दूसरी हत्या

शहडोल । अंधविश्वास और जादू-टोने का खौफ एक बार फिर खूनी वारदात में बदल गया। सीधी जिले के चंदौरा गांव में झाड़फूंक करने आए एक बाबा की कुल्हाड़ी से निर्मम हत्या कर दी गई। आरोप है कि आरोपी को संदेह था कि बाबा और उसका भाई जादू-टोना कर उसके परिवार पर अनहोनी करा रहे हैं। इसी शक में उसने ताबड़तोड़ हमला कर बाबा की जान ले ली। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, जबकि शहडोल के पुलिस अधीक्षक ने भी घटनास्थल का जायजा लिया। गौर करने वाली बात यह है कि हाल ही में शहडोल के जयसिंहनगर में भी जादू-टोने के संदेह में एक बुजुर्ग महिला की हत्या हुई थी। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं अंधविश्वास के खतरनाक और भयावह चेहरे को उजागर कर रही हैं।

शहडोल जिले के सीधी थाना क्षेत्र के चंदौरा निवासी बुद्धसेन की बेटी की तबीयत खराब थी, इलाज के साथ-साथ झाड़फूंक कराने के उद्देश्य से उसने सीधी निवासी बाबा राज बहोर को अपने घर बुलाया था। इसी दौरान झाड़फूंक की प्रक्रिया चल रही थी कि बुद्धसेन का भाई भीमसेन वहां पहुंच गया 
और बाबा पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। गंभीर चोटों के कारण बाबा राज बहोर की मौके पर ही मौत हो गई...

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, आरोपी भीमसेन को संदेह था कि उसका भाई बुद्धसेन और बाबा जादू-टोना करते हैं। उसका मानना था कि इसी कारण उसके परिवार में लगातार अनहोनी घटनाएं हुईं, बच्चों की मौत हुई और अब उसके भाई की बेटी भी बीमार है। इसी अंधविश्वास और शक के चलते उसने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दे दिया,घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने आरोपी की तलाश में जुट गई द है,  तथा पूरे मामले की जांच की जा रही है।

गौरतलब है कि हाल ही में शहडोल जिले के जयसिंहनगर थाना क्षेत्र में भी जादू-टोने के संदेह में दो सगे भाइयों ने अपनी ही रिश्तेदार बुजुर्ग महिला की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी थी, लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं यह साबित करती हैं कि अंधविश्वास आज भी समाज में गहरी जड़ें जमाए हुए है।