वरदान फाउंडेशन के सहयोगी अमित अंबेडकर ने चौथी बार किया रक्तदान, 'रक्तदान महादान' संस्था अब तक बचा चुकी है 200 जिंदगियां

शहडोल - "रक्तदान महादान, परोपकार सर्वो धर्मः" के मूल मंत्र को आत्मसात करते हुए मेडिकल कॉलेज शहडोल में पदस्थ लैब टेक्नीशियन अमित अंबेडकर ने एक बार फिर मानवता की सेवा में मिसाल पेश की है। उन्होंने हाल ही में अपने जीवन का चौथा रक्तदान किया।

अमित अंबेडकर की लगातार चौथी बार सेवा
सामाजिक संस्था वरदान फाउंडेशन के सक्रिय सहयोगी अमित अंबेडकर ने इससे पूर्व जिला अस्पताल में लगातार 3 बार रक्तदान कर जरूरतमंदों की मदद की थी। इस बार उन्होंने मेडिकल कॉलेज शहडोल में स्वयं आगे आकर चौथी बार रक्तदान किया और समाज को यह संदेश दिया कि सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है।

2 वर्ष में 200 लोगों को दिया जीवनदान

"रक्तदान महादान परोपकार सर्वो धर्मः" मुहिम के तहत संस्था ने पिछले लगभग 2 वर्षों में अभूतपूर्व कार्य किया है। समय पर रक्त की व्यवस्था कराकर संस्था अब तक 200 से अधिक लोगों की जान बचा चुकी है। आपातकालीन स्थिति में मरीजों को बिना किसी देरी के रक्त उपलब्ध कराना संस्था की प्राथमिकताओं में शामिल है।
संस्था और सहयोगियों की सराहना

अमित अंबेडकर के इस सराहनीय कार्य और संस्था के लगातार सामाजिक योगदान की मेडिकल कॉलेज प्रशासन, अस्पताल कर्मचारियों एवं स्थानीय नागरिकों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की है। वरदान फाउंडेशन और 'रक्तदान महादान' समूह ने समाज के सभी स्वस्थ नागरिकों से अपील की है कि वे भी समय-समय पर रक्तदान कर किसी न किसी का जीवन बचाने में सहभागी बनें।